✦ ॥ नमो तस्स भगवतो अरहतो सम्मासम्बुद्धस्स ॥ ✦
विषय दर्शन

नाग

— इस विषय से संबंधित संपूर्ण संकलन —

  • ३२. आटानाटियसुत्त

    ३२. आटानाटियसुत्त

    सुत्तपिटक / दीघनिकाय

    दुनिया में अनेक तरह के अदृश्य सत्व हैं, और हर कोई हमारा हितकांक्षी नहीं है। कई सत्व हिंसक भी हैं। यह सूत्र रक्षामंत्र के तौर पर उनसे बचने का मार्ग बताता है।

  • शब्दावली - मूल अर्थ और संदर्भ

    शब्दावली - मूल अर्थ और संदर्भ

    धम्म के तकनीकी शब्दों को उनके सही अर्थ और संदर्भ में समझना आवश्यक है, जिस संदर्भ में स्वयं भगवान बुद्ध उनका प्रयोग करते थे। इसी उद्देश्य से यह शब्दावली तैयार है।