प्रज्ञा
— इस विषय से संबंधित संपूर्ण संकलन —

प्रत्येक श्वास के साथ
ग्रन्थथानिस्सरो भिक्षु की यह प्रसिद्ध कृति ध्यान-साधना पर आधारित एक सरल, स्पष्ट और पूरी तरह व्यावहारिक मार्गदर्शिका है। यह पुस्तक दो भरोसेमंद स्रोतों से प्रेरित है—एक ओर बुद्ध का आनापान, और दूसरी ओर आचार्य 'अजान ली धम्मधरो' की ध्यान-पद्धति।

४३. महावेदल्ल सुत्त
सुत्तपिटक / मज्झिमनिकाययहाँ दो भिक्षुओं के सवाल-जवाब से धम्म के गहरे पहलू एक खिलते हुए फूल की तरह खुलते हैं।

४३. महावेदल्ल सुत्त
सुत्तपिटक / मज्झिमनिकाययहाँ दो भिक्षुओं के सवाल-जवाब से धम्म के गहरे पहलू एक खिलते हुए फूल की तरह खुलते हैं।

प्रज्ञाशील या आलोचनात्मक? - साधना सिरीज़
देसनाध्यान के अभ्यास में हमें जो सबसे कठिन लेकिन आवश्यक कौशल विकसित करना होता है, वह है प्रज्ञाशील बनना बिना आलोचनात्मक हुए।

प्रश्नों का मार्ग - साधना सिरीज़
देसनामन को सहज रूप से श्वास पर स्थिर होने दो। इसे अत्यधिक बलपूर्वक थामने की कोशिश मत करो, और न ही इसे भटकने दो। बस इतना ध्यान रखो कि कितनी दृढ़ता से श्वास पर टिके रहना है...

प्रज्ञा कैसे पैदा होती है? - साधना सिरीज़
देसनाहम ध्यान करते हैं, स्मृति को बढ़ाते हैं, समाधि को बढ़ाते हैं, और कुछ समय बाद सोचने लगते हैं, अब प्रज्ञा कब आएगा? अब वो समझ कब मिलेगी?